

विजय सुब्रह्मण्यम
हरिद्वार। चारधाम यात्रा शुरू होने के बावजूद उत्तरी हरिद्वार स्थित सप्तसरोवर मार्ग की हालत बदतर बनी हुई है। पिछले एक महीने से सीवर लाइन बिछाने के लिए खोदी गई सड़क अब तक दुरुस्त नहीं की गई, जिससे स्थानीय लोगों, व्यापारियों और श्रद्धालुओं को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। हालात यह हैं कि पुरानी सीवर लाइन की दीवार टूटने के कारण सीवर का गंदा पानी उफन रहा है और कुछ कदम पर बने विशाल गड्ढा में तालाब की स्थिति बन गई है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि जिलाधिकारी के निर्देशों के बावजूद कार्य में तेजी नहीं लाई जा रही है। सीवर लाइन का काम धीमी गति से चल रहा है, जिससे सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बने हुए हैं और पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। धूल उड़ने से राहगीरों और दुकानदारों को सांस संबंधी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
क्षेत्र में बड़ी संख्या में आश्रम और मंदिर स्थित हैं, जहां हर साल चारधाम यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रहती है। लेकिन इस बार सड़क की खराब स्थिति और सीवर की बदबू के कारण यात्रियों की आवाजाही काफी कम हो गई है। कई व्यापारियों ने दुकानें तक बंद कर दी हैं, जिससे उनका व्यवसाय प्रभावित हो रहा है।
स्थानीय निवासी धर्मेंद्र कुमार का कहना है कि सीवर लाइन का काम बहुत धीमी गति से चल रहा है, जिससे लोगों को चलने में दिक्कत हो रही है और धूल से भी परेशानी बढ़ गई है। वहीं जनार्दन पांडेय ने बताया कि एक महीने पहले खोदी गई सड़क अभी तक ठीक नहीं हुई है और टूटी सीवर लाइन से निकल रही बदबू के कारण आसपास बैठना मुश्किल हो गया है।
भूपेंद्र चौहान का कहना है कि चारधाम यात्रा शुरू होने के बावजूद सड़क की हालत देखकर श्रद्धालु इस मार्ग से आने से बच रहे हैं। आए दिन राहगीर चोटिल हो रहे हैं। हरीश शर्मा ने भी बताया कि सड़क खराब होने और धूल उड़ने के कारण व्यापार पूरी तरह प्रभावित हो गया है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द सड़क की मरम्मत और सीवर समस्या का समाधान किया जाए, ताकि श्रद्धालुओं और स्थानीय निवासियों को राहत मिल सके।



