

हरिद्वार, 25 अगस्त। खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावटी और अस्वच्छ खाद्य पदार्थों के खिलाफ मंगलवार को जिलेभर में सघन निरीक्षण अभियान चलाया। इस दौरान पनीर व मिठाई निर्माण इकाइयों, डेयरियों, मिठाई दुकानों, ढाबों और रेस्टोरेंट में जांच की गई। टीमों ने खाद्य पदार्थों के कुल 12 नमूने प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे। वहीं कलियर के पास सोहलपुर स्थित वाजिद स्वीट्स में भारी अनियमितताएं मिलने पर मिठाई निर्माण का काम अग्रिम आदेश तक बंद करा दिया गया और फर्म का एफएसएसएआई लाइसेंस निलंबित कर दिया गया।
उपायुक्त खाद्य सुरक्षा गढ़वाल मंडल आरएस रावत के नेतृत्व में सहायक आयुक्त महिमानंद जोशी और वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी दिलीप जैन ने गुप्त सूचना के आधार पर वाजिद स्वीट्स का निरीक्षण किया। यहां जंग लगे और गंदे टीन के आठ कनस्तरों में करीब 1.60 कुंतल सफेद रसगुल्ले, 15 किलो गुलाबी रंग के रसगुल्ले, 25 किलो स्टार्च पाउडर और करीब 40 किलो मिल्क केक मिला। कई कनस्तरों में मरी हुई मधुमक्खियां और मक्खियां भी पाई गईं।
जांच के दौरान निर्माण स्थल पर भीषण गंदगी मिली। कच्ची फर्श, गंदी दीवारें और छत के साथ मिठाई की ट्रे और डिब्बे धूल भरे स्थानों पर रखे थे। टीम ने खुले रसगुल्ले और स्टार्च पाउडर के तीन नमूने लिए। इसके बाद शेष मिठाइयों और करीब दो कुंतल स्टार्च पाउडर को मौके पर गड्ढा खुदवाकर नष्ट कराया गया।
पनीर का भी लिया नमूना
इसी टीम ने सिडकुल स्थित पनीर निर्माण इकाई का निरीक्षण किया। फ्रीजर में करीब 50 किलो निर्मित पनीर संदिग्ध मिला। पनीर एनालॉग है या नहीं, इसकी पुष्टि के लिए एक नमूना प्रयोगशाला भेजा गया। मौके पर कोई हानिकारक केमिकल नहीं मिला।
रुड़की समेत कई क्षेत्रों में हुई जांच
वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी कैलाश टम्टा ने मायापुर, कनखल, रानीपुर मोड़ और ज्वालापुर की आठ डेयरियों, ढाबों, रेस्टोरेंट और सप्लायर का निरीक्षण किया। यहां घेवर, पतीसा, खुले दूध, पैक्ड दही और पैक्ड ऑयल के पांच नमूने लिए गए। वहीं वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी योगेंद्र पांडेय ने रुड़की की विभिन्न मिठाई दुकानों से तीन नमूने लिए। विभाग ने बताया कि खाद्य सुरक्षा को लेकर यह विशेष अभियान लगातार जारी रहेगा।


